मोहन महतो कोईरी , पुस १० गते ।
केकरो अप्पन केकरो आन तऽ हमहु छी ।
केकरो साथी केकरो श्रीमान तऽ हमहु छी ।

शुभकामना

शुभकामना

फेर,उदास किया होउ सोंइच असगर मित्र ?
केकरो मुस्की केकरो मुस्कान तऽ हमहु छी ।
केओ बेटा कहैछै हमरा केओ बाप जरुर कहतै
केकरो जान केकरो परान तऽ हमहु छी ।
मानैछी हमहु ई,केकरो दुश्मनो सऽ कम नै छी ।
केकरो देवता केकरो भगवान तऽ हमहु छी ।
अत हरएक सऽ रिस्ता जरुर हमरो छै “मोहन”
केकरो गीत केकरो गान तऽ हमहु छी ।















